राजस्थान में छात्रसंघ चुनाव रद्द किए जाने के विरोध में आज अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं और कॉलेज विद्यार्थियों ने जिला कलेक्ट्रेट पहुंचकर राज्य सरकार के इस फैसले के विरोध में प्रदर्शन करते हुए मुख्यमंत्री अशोक गहलोत पर गंभीर आरोप लगाए.. एबीवीपी कार्यकर्ताओं का कहना था कि राजस्थान में आगामी विधानसभा चुनाव में पूर्व हो रहे छात्रसंघ चुनावों में कांग्रेस के छात्र संगठन एनएसयूआई की छात्रों व युवाओं में कमजोर पकड़ के कारण छात्रसंघ चुनाव में अपनी एनएसयूआई की स्थिति को भांपते हुए उन्होंने आखिरी वक्त पर छात्रसंघ चुनाव को रद्द कर दिया जो कि लोकतंत्र की पहली सीढ़ी मानी जाता है… उन्होंने राज्यपाल के नाम सौंपे गए ज्ञापन के जरिए राजस्थान सरकार के फैसले को तुगलकी फरमान बताते हुए उसे निरस्त करने की मांग की… साथ ही चेतावनी दी कि अगर ऐसा नहीं होता तो विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता प्रदेशभर में आंदोलन करने पर मजबूर होग