
(गंगोह सहारनपुर)
सरकार के स्वच्छ भारत मिशन की खुलेआम धज्जियां धज्जियां उडाते हुए सर्वाधिक आबादी वाला गांव कुंडाकलां में सफाई के अभाव में नालियों के कूडे से अटी होने के कारण सडकों पर बहते गंदे पानी से सडकें गंदगीयुक्त तालाबों में तब्दील हो गई है। सफाई न होने पर इदुल अजहा को हालात बद से बदतर हो सकते है।
ठप्प पड़ी सफाई व्यवस्था के चलते मदरसें व स्कूली बच्चों को भी पानी के बीच से होकर गुजरना जाना पडता है। सफाई अभियान के लिए टाइड फंड के लिए अलग से कोटा होने के बावजूद नाली और सडकों की सफाई पर कोई ध्यान नही दिया जा रहा। एक जमाने में महामारी के रुप में देशभर में बदनाम रह चुकें बीस हजार की आबादी वाले मुस्लिम बाहुल्य गांव में मात्र एक सफाई कर्मी तैनात है। गलियों व नालियों में गंदगी के ढेर लगे है, जिससे सडको पर गंदा पानी बह रहा है। ग्रामीण ग्राम सचिव व बीडीओं से लेकर डीपीआरओ व सीडीओ तक को अवगत करा चुके है, मगर कोई समाधान नही हो पाया है। जिससे महामारी का खतरा बढ रहा है।